हरिद्वार: धार्मिक आस्था और भक्ति भाव के साथ 18 फरवरी को श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ किया गया। इस पावन आयोजन का आयोजन श्री जय नारायण तायल (सिरसा) के सान्निध्य में किया जा रहा है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर वातावरण को भक्तिमय बना दिया।कथा के प्रथम दिवस पर प्रख्यात कथावाचक पंडित महावीर शास्त्री (संगरिया वाले) ने श्रीमद्भागवत महापुराण की महिमा का विस्तृत वर्णन करते हुए श्रद्धालुओं को धर्म, भक्ति और सत्कर्मों का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भागवत कथा का श्रवण मानव जीवन को सार्थक बनाता है और आत्मा को शांति प्रदान करता है।कार्यक्रम की शुरुआत भव्य कलश यात्रा से हुई, जिसमें महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर भजन-कीर्तन के साथ शोभायात्रा निकाली। पूरे क्षेत्र में भक्तिमय माहौल बना रहा। कथा के प्रथम दिवस की आरती बड़े ही श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुई। आरती के दौरान श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से भगवान की स्तुति की और पूरा पंडाल “जय श्री कृष्ण” के जयकारों से गूंज उठा।आयोजक श्री जय नारायण तायल ने सभी श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त करते हुए आगामी दिनों में भी अधिक से अधिक संख्या में कथा श्रवण करने का आग्रह किया। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए बैठने, पेयजल एवं प्रसाद की उत्तम व्यवस्था की गई है।इस धार्मिक आयोजन से क्षेत्र में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हो रहा है और श्रद्धालु भक्ति रस में सराबोर होकर कथा का लाभ उठा रहे हैं।
भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ, प्रथम दिवस की आरती में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

