हरिद्वार। भीमगोड़ा स्थित श्री जगन्नाथ धाम ट्रस्ट में श्री हंस देवाचार्य जी महाराज के अवतरण दिवस के पावन अवसर पर महामंडलेश्वर स्वामी अरुण दास जी महाराज के पावन सानिध्य में विशाल संत समागम का आयोजन किया गया। संत समागम में देश के विभिन्न क्षेत्रों से पधारे संत-महापुरुषों ने सहभागिता कर श्री हंस देवाचार्य जी महाराज को श्रद्धापूर्वक नमन किया तथा उनके आध्यात्मिक, धार्मिक एवं सामाजिक योगदान को स्मरण किया।
इस अवसर पर अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष एवं पंचायती महानिर्वाणी अखाड़े के सचिव श्री महंत रवींद्र पुरी जी महाराज ने कहा कि संतों का जीवन समाज को धर्म, सेवा और संस्कार की दिशा दिखाने वाला होता है। श्री हंस देवाचार्य जी महाराज ने सनातन संस्कृति एवं मानव सेवा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनका जीवन एवं विचार आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे।
श्री महंत ज्ञान देव जी महाराज ने कहा कि महापुरुषों का अवतरण दिवस केवल उत्सव मनाने का अवसर नहीं, बल्कि उनके आदर्शों एवं बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लेने का पावन अवसर है। उनके विचारों और संदेशों को जन-जन तक पहुंचाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
महंत विष्णु दास जी महाराज ने कहा कि संतों का सानिध्य मनुष्य के जीवन में आध्यात्मिक ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार करता है। ऐसे संत समागम समाज में धर्म, एकता, भाईचारे एवं सद्भाव की भावना को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
संत समागम के दौरान श्रद्धालुओं ने संत-महात्माओं का आशीर्वाद प्राप्त किया और आध्यात्मिक वातावरण में कार्यक्रम का लाभ उठाया। कार्यक्रम में महंत सूरज दास महाराज, महंत कृष्ण स्वरूप महाराज, स्वामी नित्यानंद महाराज, स्वामी प्रेमानंद महाराज, महंत प्रेमदास महाराज, महंत मोहन सिंह महाराज, कोतवाल कमल मुनि महाराज सहित बड़ी संख्या में संत-महापुरुष एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान श्री हंस देवाचार्य जी महाराज के आध्यात्मिक एवं सामाजिक जीवन का स्मरण करते हुए उनके आदर्शों को आत्मसात करने का संकल्प लिया गया। संतों के आशीर्वचन एवं श्रद्धालुओं की उपस्थिति से पूरा परिसर भक्तिमय एवं आध्यात्मिक वातावरण से सराबोर रहा।






