हरिद्वार के चंडीघाट स्थित ‘सेवाकुंज’ में स्वामी विवेकानंद की 164वीं जयंती (राष्ट्रीय युवा दिवस) और दिव्य प्रेम सेवा मिशन के 30वें स्थापना दिवस के अवसर पर दो दिवसीय ‘राष्ट्रीय युवा शक्ति सम्मेलन 2026’ का भव्य समापन हुआ। इस कार्यक्रम में देश की जानी-मानी हस्तियों ने शिरकत की, जिनमें पतंजलि योगपीठ के महामंत्री आचार्य बालकृष्ण और पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद अनुराग ठाकुर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
नर सेवा ही नारायण सेवा का जीवंत उदाहरण
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि दिव्य प्रेम सेवा मिशन पिछले तीन दशकों से ‘नर सेवा-नारायण सेवा’ के संकल्प को धरातल पर उतार रहा है। उन्होंने स्वामी विवेकानंद के आदर्शों पर चर्चा करते हुए कहा कि कुष्ठ रोगियों और वंचित समाज की सेवा ही सच्चा धर्म है, जिसे यह मिशन पूरी निष्ठा से निभा रहा है।
युवा शक्ति ही राष्ट्र की असली ताकत: अनुराग ठाकुर
सांसद अनुराग ठाकुर ने युवाओं में जोश भरते हुए कहा, “स्वामी विवेकानंद ने एक सदी पहले जिस समर्थ भारत का सपना देखा था, आज का युवा उसे साकार कर रहा है। ‘नरेंद्र से नरेंद्र तक’ की यह यात्रा भारत को विश्व गुरु बनाने की दिशा में अग्रसर है।” उन्होंने मिशन के कार्यों की सराहना करते हुए इसे युवाओं के लिए प्रेरणा का केंद्र बताया।
30 वर्षों का सेवा सफर
दिव्य प्रेम सेवा मिशन के संस्थापक आशीष गौतम ने अतिथियों का स्वागत किया और मिशन की 30 वर्षों की विकास यात्रा के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कैसे एक छोटी सी कुटिया से शुरू हुआ यह अभियान आज हजारों लोगों के जीवन में प्रकाश फैला रहा है।
कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं:
स्थापना दिवस: मिशन ने अपने गौरवमयी 30 वर्ष पूरे किए।
प्रतिभागी: देशभर से आए हजारों स्वयंसेवकों और युवाओं ने सम्मेलन में हिस्सा लिया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियां: बच्चों द्वारा स्वामी विवेकानंद के जीवन पर आधारित लघु नाटिकाओं का मंचन किया गया।
इस अवसर पर मिशन के अध्यक्ष डॉ. संजय चतुर्वेदी, संयोजक संजय चतुर्वेदी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान और समाज सेवा के संकल्प के साथ हुआ।
दिव्य प्रेम सेवा मिशन: स्वामी विवेकानंद की 164वीं जयंती और 30वें स्थापना दिवस पर ‘राष्ट्रीय युवा शक्ति सम्मेलन’ का भव्य आयोजन

